विदेशियों के हाथ भारत का रिटेल बिजनेस

विदेशियों के हाथ भारत का रिटेल बिजनेस

रिलायंस ग्रुप इन दिनों रिटेल बिजनेस के चलते चर्चा में है। हाल ही में रिलायंस ने कर्ज तले दबे किशोर बियाणी के फ्चूयर ग्रुप (बिग बाजार) को टेकओवर किया। अब रिलायंस का यह प्लान है कि रिटेल बिजनेस को भारत में मजबूत करने के साथ-साथ इंटरनेशनल लेवल पर भी पहुंचा दिया जाए। रिलायंस इंडस्ट्रीज को ट्रैक करने वाले एक्सपट्र्स के मुताबिक, कंपनी की नजर ई-कॉमर्स और इंटरनेशनल लेवल पर रिटेल बिजनेस को आगे बढ़ाने पर है। इसमें उसकी सीधी टक्कर अमेजन से होगी। रिलायंस ग्रुप ने 15 साल पहले रिटेल सेक्टर में एंट्री ली थी। पिछले 10 साल में रिलायंस रिटेल का रेवेन्यू 3,472 फीसदी बढ़ गया। 2009-10 में कंपनी का रेवेन्यू 4,565 करोड़ रुपए था। 2019-20 में यह बढ़कर 1.62 लाख करोड़ रुपए हो गया। पिछले दो साल से रेवेन्यू 1 लाख करोड़ रुपए से ऊपर है। 2020-21 में इसके 2 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा होने की संभावना है।